रायगढ़। स्वतंत्रता दिवस की 76वीं वर्षगांठ जिंदल स्टील एंड पाॅवर के रायगढ़ संयंत्र में पूरे उत्साह और देषभक्तिपूर्ण माहौल में मनाई गई। इस अवसर पर कंपनी के चेयरमैन नवीन जिंदल ने अपने संदेष में जेएसपी परिवार के सभी सदस्यों का आह्वान किया कि राष्ट्रीय ध्वज तिरंगे की प्रेरणा से हम सभी पूरी निष्ठा और ईमानदारी से अपना कर्तव्य पूरा करें। उन्होंने आत्मनिर्भर भारत का सपना पूरा करने के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराते हुए कहा कि जिंदल स्टील एंड पाॅवर राष्ट्र निर्माण में अपना पूरा योगदान दे रही है।
स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर जेएसपी परिसर स्थित पोलो मैदान में मुख्य समारोह का आयोजन किया गया। कंपनी के कार्यपालन निदेषक सब्यसाची बंद्योपाध्याय ने यहां ध्वजारोहण कर सुरक्षा जवानों के मार्चपास्ट की सलामी ली। उन्हांेने कंपनी के चेयरमैन नवीन जिंदल का जेएसपी परिवार के नाम संदेष उपस्थितजनों को सुनाया। अपने संदेष में श्री जिंदल ने स्वाधीनता सेनानियों एवं अमर षहीदों को श्रद्धांजलि देने के बाद चंद्रयान-3 मिषन की सफलतापूर्वक लांचिंग के लिए बधाई देते हुए इसकी चंद्रमा की सतह पर सफलतापूर्वक उतरने की प्रार्थना की। उन्होंने कहा कि भारत इस वर्ष जी-20 की अध्यक्षता कर रहा है, यह सभी देषवासियों के लिए गौरव की बात है। चेयरमैन श्री जिंदल के संदेष के बाद एक्जीक्यूटिव डायरेक्टर सब्यसाची बंद्योपाध्याय ने अपने संबोधन में खुषी जताई कि आज हमारा राष्ट्रीय ध्वज तिरंगा हर घर पर लहरा रहा है। उन्होंने कहा कि आज से तीन दषक पहले यह सपना कंपनी के चेयरमैन नवीन जिंदल ने देखा था, जब वे मात्र 22 साल के थे। उन्होंने विष्वास जताया कि हर घर तिरंगा-हर दिन तिरंगा अभियान से लोगों में देषभक्ति की भावना और भी मजबूत होगी और देषवासी धर्म, जाति, राजनीतिक प्रतिबद्धताओं से ऊपर उठकर राष्ट्र निर्माण में योगदान देने के लिए प्रेरित होंगे।

रायगढ़ संयंत्र की उपलब्यिों के बारे में बताते हुए श्री बंद्योपाध्याय ने कहा कि बीते साल रायगढ़ में सभी विभागों ने षानदार प्रदर्षन किया। उन्होंने कहा कि कंपनी जीरो हार्म का लक्ष्य लेकर आगे बढ़ रही है। हम सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए लगातार काम कर रहे हैं। इसके अलावा पर्यावरण संरक्षण के प्रति भी हम पूरी प्रतिबद्धता से जुटे हुए हैं। सामाजिक विकास के लिए जेएसपी फाउंडेषन के साथ मिलकर लगातार काम किया जा रहा है। रायगढ़ षहर सहित पूरे जिले में सामाजिक विकास की कई परियोजनाओं पर कंपनी काम कर रही है। समारोह में ओपी जिंदल स्कूल रायगढ़ की छात्राओं एवं षिक्षकों ने देषभक्ति गीतों की षानदार प्रस्तुति से खूब तालियां बटोरीं।


रायगढ़ से षुरू हुआ तिरंगे की आजादी का संघर्ष
श्री बंद्योपाध्याय ने कहा कि अमेरिका में पढ़ाई के दौरान ने चेयरमैन नवीन जिंदल ने तिरंगे को अपनी प्रेरणा का स्रोत बनाया और वे हर रोज पूरे सम्मान से तिरंगा फहराते थे। रायगढ़ आकर उन्होंने जब तिरंगा फहराया, तो तत्कालीन नियमों के अनुसार इसे गलत बताया गया। देषवासियों को अपना राष्ट्रीय ध्वज फहराने का अधिकार दिलाने के लिए श्री जिंदल ने करीब एक दषक लंबी कानूनी लड़ाई लड़ी और 23 जनवरी 2004 को सुप्रीम कोर्ट ने देष के नागरिकों को 365 दिन पूरे सम्मान के साथ तिरंगा फहराने का अधिकार प्रदान किया। श्री जिंदल इतने में रूके नहीं, उन्होंने फ्लैग फाउंडेषन आॅफ इंडिया की स्थापना की। यह संस्था पूरे देष में 100 से अधिक स्थानों पर विषालकाय झंडों की स्थापना कर चुकी है। सांसद रहते हुए उन्होंने लैपल पिन, रिस्ट बैंड और कैप के रूप में तिरंगा पहनने का भी अधिकार दिलवाया।
