रायगढ़ । एसएसपी शशि मोहन सिंह के दिशा निर्देशन पर जिले में ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के तहत रायगढ़ पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। चक्रधरनगर पुलिस और साइबर टीम ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए ऑनलाइन सट्टा नेटवर्क के मुख्य आरोपी देव बंसल पिता प्रमोद अग्रवाल उम्र 21 वर्ष पता पाल्म बेलेजियो फ्लैट नंबर एफ 202 थाना पण्डरी जिला रायपुर हामु पुरानी हटरी खरसिया जिला रायगढ छ०ग० को रायपुर स्थित उसके निवास से गिरफ्तार कर रायगढ़ लाया है।
विदित हो कि दिनांक 16 फरवरी 2026 को चक्रधरनगर क्षेत्र अंतर्गत बोईरदादर इंडस्ट्रियल एरिया स्थित श्याम फिनाइल उद्योग में रेड कार्रवाई के दौरान आरोपी विकास अग्रवाल उर्फ फून्नु एवं विनय अग्रवाल को इंग्लैंड और इटली के बीच चल रहे टी-20 क्रिकेट मैच पर मोबाइल के माध्यम से सट्टा खिलाते रंगे हाथ पकड़ा गया था। दोनों आरोपियों ने पूछताछ में खरसिया निवासी गगन अग्रवाल के साथ मिलकर सट्टा संचालन करना स्वीकार किया था, गिरफ्तार दोनों आरोपी – आरोपी (1) विकास अग्रवाल उर्फ फून्नु पिता श्यामसुंदर अग्रवाल उम्र 38 वर्ष पता फ्लैट नं. 110 हिमालया हाईट्स थाना चक्रधरनगर रायगढ (2) आरोपी विनय अग्रवाल पिता बजरंग अग्रवाल उम्र 49 वर्ष पता सांगीतराई थाना जूटमिल रायगढ़ को थाना चक्रधरनगर के अपराध क्रमांक 52/2026 धारा 7 छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध की धारा 7 के तहत रिमांड पर भेजा गया । इसी कड़ी में 11 मार्च को चक्रधरनगर पुलिस ने फरार आरोपी गगन अग्रवाल पिता अनूप अग्रवाल 27 साल निवासी गंज बाजार खरसिया को हिमालया हाइट्स बैंक कॉलोनी को भी गिरफ्तार कर रिमांड पर भेजा गया है ।
सीएसपी मयंक मिश्रा के मार्गदर्शन में जब पूरे नेटवर्क की गहन जांच की गई, तब सामने आया कि आरोपी गगन अग्रवाल, देव बंसल और अन्य साथी मिलकर इंस्टाग्राम, व्हाट्सएप और फोनपे के माध्यम से ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा संचालित कर रहे थे। रायगढ़ पुलिस की कार्रवाई के बाद आरोपी लगातार स्थान बदलकर अन्य राज्यों में छिपकर इस अवैध गतिविधि को संचालित कर रहे थे।
गिरफ्तार आरोपी देव बंसल का प्रमोद अग्रवाल उम्र 21 साल पता Palm Bellagio flat number F 202 थाना पंडरी जिला रायपुर हाल मुकाम पुरानी हटरी खरसिया के कब्जे से आईफोन 16 प्रो जब्त किया गया है, जिसमें विभिन्न राज्यों की यात्रा से संबंधित टिकट, ऑनलाइन लेनदेन के रिकॉर्ड और क्रिकेट सट्टा से जुड़े महत्वपूर्ण डिजिटल साक्ष्य प्राप्त हुए हैं। आरोपी की संलिप्तता गगन अग्रवाल और विनय अग्रवाल के साथ ऑनलाइन सट्टा नेटवर्क में पाए जाने पर उसे गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है। पुलिस जांच में इस रैकेट से जुड़े अन्य आरोपियों के भी प्रमाण मिले हैं, जिन्हें प्रकरण में आरोपी बनाया गया है और उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही है।
7
