कोरबा के कनकी गांव में देखने को मिला जहां एक हिरण जगल से भटककर गांव में पहुंच गया। आवारा कुत्तों के हमले में हिरण घायल हो गया था। ग्रामीणों ने जब हिरण को कुत्तों से घिरा हुआ पाय तब उसे किसी तरह बचाकर सुरक्षित अपने पास रख लिया,जिसके बाद वन विभाग को सूचना दी गई। सूचना मिलते ही वन अमला मौके पर पहुंचा और हिरण के स्वास्थ्य की जानकारी ली। इसके बाद पशु चिकित्सक को मौके पर बुलाया गया और उसका उपचार किया जा रहा है।
ग्रामीणों की माने तो सुबह के वक्त जब कुत्तों के झुंड का भौंकने का आवाज आया इस दौरान कुछ ग्रामीण अपने घर से बाहर निकले और देखा कि शीतल पर कुत्तों का झुंड हमला कर रहा है काफी देर तक चीतल को कुत्ता दौड़ा रहे थे किसी तरह ग्रामीण ने कुत्तों को झुंड को मौके से भगाया और घायल चीतल को रस्सी से बांधकर रखा गया तब जाकर चीतल की जान बची नहीं तो कुत्तों के झुंड का शिकार हो सकता था इसके बाद इसकी सूचना वन विभाग को दी गई जहां तत्काल मौके पर पहुंच घायल चीतल का उपचार शुरू किया। बताया जा रहा है कि शीतल के दोनों पैर पर कुत्तों के झुंड ने हमला किया जहां उसे गंभीर चोटे आई हैं।
ग्रामीणो की माने तो गर्मी की शुरुआत होने के साथ ही जंगलो में पानी की कमी होने लगी है,जिससे जंगली जानवर पानी की तलाश में रिहायशी क्षेत्र का रुख करने लगे हैं,जिससे उनकी जान खतरे में पड़ते नजर आ रही है। इससे पहले भी आसपास के कई गांव में शीतल आ चुका है संबंधित वन विभाग को चाहिए कि जंगल में जंगली जीव जंतु के लिए उचित पानी की व्यवस्था करें नहीं तो आने वाले समय में जानवरों के लिए और भी खतरा बढ़ सकता है।
