रायगढ़। प्रदेशभर में पिछले कुछ दिनों से लगातार हो रही मूसलाधार बारिश का असर अब रायगढ़ जिले में भी साफ दिखाई देने लगा है। महानदी समेत क्षेत्र के अधिकांश नदी-नाले उफान पर हैं और कई इलाकों में बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं। गंगरेल बांध से पानी छोड़े जाने के बाद महानदी का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है, जिससे सरिया और पुसौर विकासखंड के दो दर्जन से अधिक गांव प्रभावित होने लगे हैं।
स्थानीय ग्रामीणों के अनुसार महानदी का जलस्तर गुरुवार शाम से लगातार बढ़ रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि शाम करीब 4 बजे से नदी का पानी हर घंटे लगभग चार फीट तक बढ़ रहा था और शुक्रवार सुबह भी यही स्थिति बनी रही। जलस्तर में लगातार हो रही वृद्धि से नदी पूरी तरह उफान पर है और निचले इलाकों में पानी फैलने लगा है। बढ़ते जलस्तर के चलते सूरजगढ़, नदीगांव, तोरा, पोरथ, पडिगांव, लिप्ती, चंगोरी, सिंघपुरी, बाराडोली, परसापाली, खपरापाली और रायपाली सहित कई गांवों तक महानदी का पानी पहुंच चुका है। हालात को देखते हुए प्रशासन ने संवेदनशील क्षेत्रों में निगरानी बढ़ा दी है। अब तक पांच गांवों के लोगों को एहतियातन मकान खाली करने की सलाह दी गई है, वहीं नदी किनारे बसे इलाकों की बिजली आपूर्ति भी सुरक्षा कारणों से बंद कर दी गई है।
प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार देर शाम तक जलस्तर में और वृद्धि होने की संभावना है। ऐसे में निचले इलाकों के लोगों को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। बाढ़ का पानी गांवों और खेतों में घुसने से किसानों की फसलें जलमग्न हो गई हैं, जिससे कृषि क्षेत्र को भारी नुकसान होने की आशंका है। वहीं आवागमन और दैनिक गतिविधियां भी प्रभावित होने लगी हैं। महानदी में आई बाढ़ का असर क्षेत्र के प्रसिद्ध धार्मिक स्थल पोरथ धाम पर भी देखने को मिल रहा है। नदी का पानी मंदिर परिसर तक पहुंच गया है और पूरा परिसर जलभराव की चपेट में आ गया है। यदि जलस्तर इसी रफ्तार से बढ़ता रहा तो आने वाले घंटों में स्थिति और गंभीर हो सकती है।
जिला प्रशासन लगातार हालात पर नजर बनाए हुए है और जरूरत पड़ने पर प्रभावित क्षेत्रों में राहत एवं बचाव कार्य तेज करने की तैयारी की जा रही है। फिलहाल नदी किनारे बसे गांवों के लोगों से सतर्क रहने और प्रशासन के निर्देशों का पालन करने की अपील की गई है।
8 गांव में जारी किया गया अलर्ट
इस संबंध में रायगढ़ एसडीएम महेश शर्मा का कहना है कि महानदी के आसपास रायगढ़ जिले के 8 गांव में अलर्ट जारी किया गया है और लगातार पानी बढ़ने पर नजर रखी जा रही है, उन्होंने बताया कि ओडिसा के हीराकुंड डेम के दो गेट खोलने को कहा गया है जिससे स्थिति सामान्य हो जाएगी, फिर भी हर स्तर पर लोगों से सावधानी की अपील की जा रही है।
