इलाहाबाद हाईकोर्ट के ज्वाइंट रजिस्टार हेम सिंह की कोरोना ने जान ले ली तो वहीं इस घटना के बाद अपनों ने भीदूरी बना ली। कोई सामने नहीं आया। ऐसे में साजिश के तहत एक महिला उनकी पत्नी बनकर करोड़ों की संपत्ति हड़पने पहुंच गई। नौकर की सूचना पर पहुंची पुलिस ने पत्नी बनी महिला समेत तीनों को फर्जीवाड़ा के आरोप में जेल भेज दिया।
प्रीतमनगर निवासी हाईकोर्ट के ज्वाइंट रजिस्टार हेम सिंह पिछले कुछ दिनों से अकेले पड़ गए थे। पहले बेटी की मौत हो गई और फिर पत्नी ने भी साथ छोड़ दिया। रही सही कसर कोरोना ने पूरी कर दी। 19 अप्रैल को उनकी हालत बिगड़ने पर उन्हें शहर के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां इलाज के दौरान कोरोना ने उनकी जान ले ली। ऐसे वक्त पर जब अपने भी सामने नहीं आए तो सैकड़ों किलोमीटर दूर से इटावा निवासी सिराज दोस्ती का फर्ज निभाने पहुंचा और उसने अंतिम संस्कार किया। उनकी मौत के बाद एक मई 2021 को मऊआइमा निवासी रामशिला अपने साथ दो लड़कियों को लेकर हेम सिंह के घर पहुंची और दावा किया कि वह हेम सिंह की पत्नी है। उनकी गाड़ी और संपत्ति पर कब्जा करने की कोशिश की। उस वक्त घर में मौजूद कौशांबी निवासी हेम सिंह के सेवक संदीप यादव ने पुलिस को सूचना दी। धूमनगंज पुलिस मौके पर पहुंची और पूछताछ शुरू की। रामशिला के पास शादी का कोई प्रमाण नहीं था। पुलिस ने जब रामशिला के बारे में जानकारी एकत्र की तो पता चला उसके खिलाफ मऊआइमा और कर्नलगंज थाने में कई अपराधिक मुकदमे दर्ज है। पुलिस को यकीन हो गया कि करोड़ों की संपत्ति हड़पने के लिए साजिश रची गई। पुलिस ने संदीप की तहरीर पर रामशिला उसके साथ पहुंची दोनों लड़कियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर तीनों को जेल भेज दिया।
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