रायगढ़। बिलासपुर वृत्त के वन कर्मचारियों की लंबित समस्याओं, नियम विरुद्ध स्थानांतरण तथा अन्य मांगों के निराकरण को लेकर छत्तीसगढ़ वन कर्मचारी संघ संभाग बिलासपुर ने चरणबद्ध आंदोलन का बिगुल फूंक दिया है। संघ का आरोप है कि पूर्व में समस्याओं से अवगत कराने और निराकरण के लिए अनुरोध किए जाने के बावजूद विभागीय कार्यालय द्वारा अब तक कोई ठोस पहल नहीं की गई है, जिससे कर्मचारियों में भारी नाराजगी व्याप्त है।
मिली जानकारी के मुताबिक छत्तीसगढ़ वन कर्मचारी संघ ने 13 मई से आंदोलन की शुरुआत कर दी गई है। आंदोलन के प्रथम चरण में छत्तीसगढ़ वन कर्मचारी संघ जिला शाखा रायगढ़ के वन परिक्षेत्र रायगढ़ के अधिकारी एवं कर्मचारियों ने काली पट्टी बांधकर विरोध प्रदर्शन किया। कर्मचारियों ने इसे अपनी उपेक्षित मांगों के खिलाफ शांतिपूर्ण लेकिन सख्त संदेश बताया है।
संघ द्वारा जारी कार्यक्रम के अनुसार आंदोलन को चरणबद्ध तरीके से आगे बढ़ाया जाएगा। दूसरे चरण में 18 मई को भोजन अवकाश के दौरान मुख्य वन संरक्षक कार्यालय, वृत्त बिलासपुर के समक्ष सांकेतिक धरना प्रदर्शन किया जाएगा। वहीं तीसरे चरण में 25 मई को एक दिवसीय अवकाश लेकर संपूर्ण कार्य बंद करने का निर्णय लिया गया है।
इसके बाद भी यदि समस्याओं का समाधान नहीं किया गया तो चौथे चरण में अनिश्चितकालीन हड़ताल की चेतावनी दी गई है। वन कर्मचारी संघ ने स्पष्ट कहा है कि कर्मचारियों की मांगों की लगातार अनदेखी किए जाने के कारण उन्हें आंदोलन का रास्ता अपनाने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है।
संघ पदाधिकारियों ने कहा कि यदि समय रहते समस्याओं का निराकरण नहीं हुआ तो इसका असर वन विभाग के कार्यों पर भी पड़ेगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी शासन और प्रशासन की होगी।
