मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की उपस्थिति में आज यहां उनके निवास कार्यालय में गोबर से प्राकृतिक पेंट बनाने की तकनीकी हस्तांतरण के लिए एमओयू हुआ। यह एमओयू छत्तीसगढ़ राज्य गौ सेवा आयोग और नेशनल पेपर इंस्टीट्यूट जयपुर, खादी एवं ग्रामोद्योग आयोग, सूक्ष्म ,लघु एवं मध्यम उद्योग मंत्रालय भारत सरकार नई दिल्ली के मध्य हुआ ।
प्रथम चरण में राज्य के 75 चयनित गौठान में प्राकृतिक पेंट निर्माण की इकाई स्थापित की जाएगी । प्राकृतिक पेंट निर्माण के लिए महिला स्व सहायता समूह की सदस्य महिलाओं एवं युवाओं को कौशल प्रशिक्षण भी नेशनल पेपर इंस्टिट्यूट जयपुर द्वारा दिया जाएगा । इस दौरान मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने इस मौके पर गोधन न्याय योजना के तहत पशुपालक किसानों, ग्रामीणों सहित गौठान समितियों , महिला स्व -सहायता समूहों को 2 करोड़ 35 लाख रुपए की राशि ऑनलाइन जारी की।
कैबिनेट मंत्री रविंद्र चौबे ने बताया कि छत्तीसगढ़ में 11000 ग्राम पंचायतों में हमने गौठान बनाया है | 2 रुपए किलो में हम गोबर की खरीदी कर रहे हैं ,बहुत सारी एक्टिविटी चल रही है | गोबर से बिजली भी बनाने जा रहे हैं | विभिन्न स्थानों में जयपुर की संस्था है उनके साथ एमओयू हुआ है मुख्यमंत्री के समक्ष | छत्तीसगढ़ के का गौठान में से निकलने वाले जो उत्पाद होगी उसमें पेंट का बेस बनाने का और एम ओ यू हो रहा है ,अभी शुरुआत होगी | हमने हर जिलों के चिन्हित गौठानों कार्य करने का निश्चय लिया है हमने कुछ लोगों को जयपुर में ट्रेनिंग में भी भेजा है | छत्तीसगढ़ में गोबर के जो नए उत्पाद होंगे बिजली के साथ-साथ पेंट में बेस बनाने का काम शुरू करने जा रहे हैं | वही नेता प्रतिपक्ष धरम लाल कौशिक ने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि गोबर की चोरी हो रही है गोबर खरीदना भी बंद हो गया , आप तो गांव में जा कर के देखेंगे तो गोबर की खरीदी नहीं हो रहे है प,ता नहीं वहां पेमेंट कहां जा रहा है | उसके बाद में गोबर से बिजली बनाने का है ,बिजली भी पूरे प्रदेश में बन गई | अब गोबर से पेंट बनाएंगे जब को पेण्ट बनाएंगे तो विधानसभा में बात करेंगे |
