गरियाबंद। छत्तीसगढ़ में अब धीरे-धीरे जंगली हाथियों का इलाका बढ़ते जा रहा है। कभी ये जंगली हाथी रायगढ़-जशपुर कोरबा, सरगुजा जिले में ही भारी उत्पात मचाते थे। लेकिन अब ये जंगली हाथी, सारंगढ़, धमतरी, गरियाबंद, कांकेर, बिलासपुर, मुंगेली, के अलावा जिलों में भी अपनी धमक देते हुए वन विभाग को चुनौती दे रहे हैं।
बीते सप्ताह भर से एक जंगली हाथियों का दल कांकेर के आसपास शहरी इलाकों में भारी दहशत फैलाने के बाद गरियाबंद के शहरी इलाकों मंे घुस गया है। इन हाथियों की तस्वीर अस्पताल के तो कभी दुकान के सीसीटीवी कैमरों में कैद हो रही है। अचानक हाथियों की धमक से क्षेत्र के रहवासी दहशत के चलते बाहर निकलने से भी डर रहे हैं। यह अलग बात है कि उनको रोक पाने के लिये वन अमला पूरी तरह मुस्तैद नही है।
क्षेत्र के लोगों ने बताया कि धमतरी जिले पैरी नदी पार कर दो दंतैल गरियाबंद के करीब पहुंच गए हैं। यहां के कोविड अस्पताल में लगे सीसीटीवी कैमरे में जंगली हाथियों के फुटेज कैद हुए है। यहां से यह जंगली हाथी एनएएच 130 में पहुंच गए हैं। शहरी क्षेत्र में हाथी आमद की सूचना से लोगों में दहशत व्याप्त हो गया है और वन विभाग की टीम ने लगातार इन हाथियों पर नजर रखे हुए है।
