स्वतंत्रता दिवस यानी 15 अगस्त को देश की 1,000 से अधिक वेबसाइट को साइबर हैकर्स द्वारा निशाना बनाया गया है। यह खुलासा साइबर सुरक्षा रिसर्चर्स कंपनी क्लाउड एसईके ने किया है। रिसर्चर्स ने शुक्रवार को जानकारी देते हुए कहा कि हैकर्स के एक समूह ने स्वतंत्रता दिवस से जुड़े एक अभियान के तहत 1,000 से अधिक भारतीय वेबसाइटों को निशाना बनाया, जिन्हें ऑपइंडिया के रूप में टैग किया गया था।
साइबर सुरक्षा रिसर्चर्स क्लाउड एसईके (CloudSEK) टीम ने साइबर अटैक का खुलासा करते हुए कहा कि इस हैकिंग में विभिन्न देशों के हैकर्स समूह शामिल थे और इसके लिए विभिन्न प्रकार की तकनीकों का इस्तेमाल किया गया था। इस हमले में डिस्ट्रीब्यूटेड डिनायल ऑफ सर्विस (डीडीओएस) अटैक, विरूपण हमला (डिफेसमेंट असॉल्ट) और यूजर्स अकाउंट पर कब्जा करना शामिल था। रिसर्चर्स के अनुसार, हैकर्स ने 1,000 से अधिक भारतीय वेबसाइटों को निशाना बनाया था।
इन वेबसाइट्स पर हुआ साइबर अटैक
साइबर सुरक्षा कंपनी CloudSEK ने सभी प्रभावित संगठनों और फर्मों को हैकर्स के इरादों के बारे में जानकारी दी है। रिपोर्ट के अनुसार, हैकर्स ने स्वतंत्रता दिवस पर राजनीतिक और धार्मिक उद्देश्यों से प्रेरित होकर कमजोर सुरक्षा वाली वेबसाइट को टारगेट किया। इन वल्नरेबल साइट्स में सरकार, शिक्षा, बीएफएसआई (बैंकिंग, वित्तीय सेवाएं और बीमा), और स्मॉल स्केल इंटरप्राइजेज जैसे क्षेत्र शामिल हैं।
आगे भी हो सकता है अटैक
क्लाउड एसईके के साइबर थ्रेट्स रिसर्चर अभिनव पांडे ने कहा कि अपनी वर्तमान सीमाओं के बावजूद, ये हैकर्स समूह निकट भविष्य में देशों के लिए एक महत्वपूर्ण खतरा बन सकते हैं। यदि इन समूहों को ज्यादा मदद मिलती है और यह हमले के टूल्स और डाटा तक आसान पहुंच बनाने में कामयाब हो जाते हैं तो खतरा ज्यादा बढ़ सकता है।
