रायगढ़। भीषण गर्मी और तपते नवतपा के बीच शनिवार शाम मौसम ने अचानक करवट बदल ली। नवतपा के 6वे दिन रायगढ़ सहित आसपास के इलाकों में तेज आंधी और झमाझम बारिश ने लोगों को गर्मी से बड़ी राहत दी। दिनभर की उमस और 45 डिग्री के आसपास पहुंच रहे तापमान के बाद शाम को मौसम सुहावना हो गया।
रायगढ़ भीषण गर्मी से लोगों का बुरा हाल है। आज सुबह से आसमान में घने बादल छा गए और शाम होते-होते तेज हवाओं के साथ बारिश शुरू हो गई। कई क्षेत्रों में तेज हवा के कारण पेड़ों की शाखाएं टूटकर गिरीं, वहीं धूलभरी आंधी के बाद हुई बारिश से तापमान में भी उल्लेखनीय गिरावट दर्ज की गई। गर्मी से बेहाल लोगों ने राहत की सांस ली और लंबे समय बाद मौसम का आनंद उठाया। आंधी और बारिश के बाद से शहर के कई इलाकों में ब्लैक आउट की स्थिति निर्मित हो गई है।
मौसम विभाग ने आगामी तीन घंटों के लिए रायगढ़, सक्ती, कोरबा, सरगुजा और आसपास के जिलों में तेज हवाओं, गरज-चमक के साथ बारिश तथा आकाशीय बिजली गिरने की संभावना जताई है। विभाग ने लोगों को खराब मौसम के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहने और खुले मैदानों, पेड़ों तथा बिजली के खंभों से दूर रहने की सलाह दी है।
विशेषज्ञों के अनुसार पश्चिमी विक्षोभ और स्थानीय मौसमीय प्रभावों के कारण प्रदेश के कई हिस्सों में मौसम में यह बदलाव देखने को मिल रहा है। आने वाले एक-दो दिनों तक कहीं-कहीं हल्की से मध्यम बारिश और गरज-चमक की स्थिति बनी रह सकती है।
नवतपा के दौरान पड़ रही भीषण गर्मी के बीच हुई यह बारिश किसानों के लिए भी राहतभरी मानी जा रही है। हालांकि मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि तेज हवाओं और बिजली गिरने की घटनाओं को देखते हुए लोगों को सतर्क रहने की आवश्यकता है।

चपले में हनुमंत कथा के दौरान आंधी-तूफान
चपले (राबर्टसन) में चल रही श्री हनुमंत कथा के दौरान शनिवार को आए तेज आंधी-तूफान और बारिश ने आयोजन स्थल पर भारी तबाही मचा दी। कथा के लिए बनाया गया विशाल पंडाल तेज हवाओं की चपेट में आकर पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। घटना के बाद कुछ समय के लिए आयोजन स्थल पर अफरा-तफरी का माहौल निर्मित हो गया। आंधी-तूफान से पंडाल, तिरपाल, मंच और अन्य सामग्री को काफी नुकसान पहुंचा है, जिससे आर्थिक क्षति होने का अनुमान लगाया जा रहा है।
