रायगढ़ स्थित दिल्ली वर्ल्ड पब्लिक स्कूल, रायगढ़ में शिक्षक दिवस के उपलक्ष्य पर आभासी माध्यम से शिक्षक दिवस समारोह मनाया गया जिसमें विद्यार्थियों द्वारा बड़ी ही कुशलता से पूरे समारोह की योजना, तैयारी तथा संचालन किया गया। विद्यालय की छात्रा चैतन्या सिंह परिहार एवं सक्ष्या पटेल द्वारा इस आभासी आयोजन की योजना की गई जिसमें विभिन्न कक्षाओं के विद्यार्थियों द्वारा सहयोग तथा समन्वय कर कार्यक्रम की रूपरेखा तय की गई तथा बड़ी ही कुशलता से सम्पन्न भी कराया गया।
कार्यक्रम का शुभारम्भ समस्त गुरुओं के सम्मान में तनिषा पंडा द्वारा श्लोक वाचन एवं चैतन्या सिंह परिहार द्वारा कार्यक्रम की महत्ता पर प्रस्तावना भाषण के द्वारा किया गया तत्पश्चात आर्या मिश्रा ने भाषण एवं रिद्धिमा पांडेय ने मनमोहक सांस्कृतिक नृत्य की प्रस्तुति दी, साकेत साहू द्वारा प्रस्तुत कविता ने सबका मन मोह लिया तत्पश्चात विद्यर्थियों द्वारा शिक्षकों के लिए हल्के फुल्के खेल आभासी माध्यम से ही कराये गए जिसका संचालन अनय अग्रवाल, देवज्योति सेन तथा सैयदा सिमरा समीन द्वारा किया गया।
कार्यक्रम के अंत में प्रत्यक्ष दुबे एवं सैयदा सुम्हेरा समीन ने कविता तथा पर्ल मोटवानी ने सांस्कृतिक नृत्य की प्रस्तुति दी ।
तत्पश्चात विद्यार्थियों के आग्रह पर कैप्टन श्वेता सिंह नें शिक्षक दिवस के अवसर पर न केवल अपने शिक्षकों का स्मरण किया अपितु शिक्षकों के परिश्रम, त्याग एवं राष्ट्र निर्माण में उनके अतुलनीय योगदान पर प्रकाश डाला। उन्होंने बच्चों के नेतृत्व क्षमता की प्रशंसा की तथा बताया कि दिल्ली वर्ल्ड पब्लिक स्कूल में हमारा लक्ष्य न केवल पाठ्यक्रम शिक्षण अपितु प्रत्येक विद्यार्थी के अंतःकरण में निहित गुणों का विकास करना ही हमारा मुख्य लक्ष्य है तथा इसी पर हम बल देते हैं। यही कारण है कि आज बच्चों द्वारा बिना किसी बाह्य सहायता के ऐसे आयोजनों को सफलता पूर्वक बड़ी ही कुशलता से सम्पन्न कराया जा रहा है। यह देखना हमारे लिए संतोष की बात है कि हमारे बच्चे उस स्तर तक पहुंच पा रहे हैं जिसकी कल्पना कर हम उन्हें अपने विद्यालय में गढ़ने का कार्य कर रहे हैं।
अंत में शिक्षकों ने भी अपने छात्र जीवन के अनुभव साझा किए जिसमें मुख्य रूप से हिंदी की शिक्षिका वंदना जयसवाल ने शिक्षक दिवस के पर केंद्रित मनमोहक स्वरचित कविता प्रस्तुत की तथा शिक्षिका पायल अग्रवाल तथा गौरव मोरकर ने अपने छात्र जीवन से जुड़े संस्मरण रखे ।
अंत में कक्षा नवीं की छात्रा वृद्धि दुबे ने सभी का आभार प्रदर्शन करते हुए कार्यक्रम समाप्ति की घोषणा की, उक्ताशय की जानकारी कम्प्यूटर शिक्षक तथा अकादमिक प्रभारी प्रतीक सिंह द्वारा दी गई।
