कोरबा। चांपा मार्ग पर ग्राम उरगा से करीब 200 मीटर आगे हुए एक सड़क हादसे में अधिवक्ता नरेंद्र जायसवाल की मृत्यु हो गई। अज्ञात वाहन की चपेट में आकर में सड़क पर वे गिर पड़े और उनके सिर के ऊपर से वाहन का पहिया गुजर गया। घटना स्थल पर ही उनकी मृत्यु हो गई।
जानकारी के अनुसार अधिवक्ता नरेंद्र जायसवाल उरगा थाना क्षेत्र के ग्राम 57 वर्षीय अंजोरीपाली भैसमा के निवासी थे। वह हर दिन अंजोरीपाली से जिला न्यायालय कोरबा आना-जाना किया करते थे। शनिवार को भी न्यायालय में कामकाज निपटा कर रात 10 बजे घर लौट रहे थे कि रास्ते में उक्त हादसा घटित हो गया।
बताया जा रहा है कि मृतक अधिवक्ता बाइक पर सवार थे और तेज रफ्तार भारी वाहन ने अपनी चपेट में ले लिया जहाँ उसकी घटना स्थल पर ही मौत हो गई।इस हादसे के बाद हड़कप मच गया राहगीरों ने इसकी सूचना 112 और उरगा थाना पुलिस को दी जहा पहचान कर शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला मेडिकल कालजे भेजा
उरगा थाना प्रभारी राजेश तिवारी ने बताया कि अज्ञात वाहन के खिलाफ मर्द कायम कर जांच की जा रही है वही सीसीटीवी फुटेज के आधार पर वाहन की तलाश की जा रही है। बताया जा रहा है की शांत, सरल, सहज, मृदभासी अधिवक्ता नरेंद्र जयसवाल के निधन की खबर मिलते ही अधिवक्ताओं सहित परिजन, मित्रगण, कोरबा जिले में शोक की लहर दौड़ गयी।
वही दूसरी घटना बांकी मोंगरा थाना इलाके का है जहाँ एक जहाँ राखड़ परिवहन में लगे एक वाहन ने एक व्यक्ति को इतनी बुरी तरह कुचल दिया कि उसका सिर धड़ से अलग हो गया। यह भीषण दुर्घटना शनिवार रात में घटी।घटना बांकी मोंगरा के दो नंबर दफाई राखड़ डेम के पास हुई। ग्राम रोहिना से पहले एक अज्ञात राखड़ वाहन ने होंडा साइन बाइक (नंबर CG 12 BA 6979) सवार व्यक्ति को कुचल दिया और मौके से फरार हो गया। बाइक का रजिस्ट्रेशन सुधीर कुमार के नाम पर दिख रहा है। सूचना मिलते ही बांकीमोंगरा पुलिस मौके पर पहुंची और आवश्यक कार्रवाई के बाद शव को अस्पताल भिजवाया। मृतक की पहचान अभी तक नहीं हो पाई है।
बताया जा रहा है कि राखड़ से भरी वाहन की रफ्तार काफी तेज थी और उसने बाइक सवार को सामने से ठोकर मारते हुए अपनी चपेट में ले लिया यह घटना ओवरटेक के चक्कर में घटी। राखड़ से भरी भारी वहानो का इस मार्ग पर काफी दबाव बना हुआ है जिसके चलत आय दिन घटना सामने आते रहती है।राखड़ परिवहन को लेकर जो नियम बने है उसे ताक पर रख परिवहन किया जा रहा है। वही शहर के कई ऐसे जगह जहा राखड़ को यहां वहां परिवहन कर डम किया जा रहा है इसके लिए जिला प्रशासन से कई बार शिकायत की जा चुकी है।
