रायगढ़। ओपी जिंदल यूनिवर्सिटी रायगढ़ के बायो टेक डिपार्टमेंट के विद्यार्थियों ने जन जीविका केंद्र तमनार का भ्रमण किया। विद्यार्थियों ने यहां स्व सहायता समूह की महिलाओं द्वारा बनाए जा रहे सेनिटरी पैड, मशरूम बनाने की विधि जानी साथ ही पूरे परिसर का भ्रमण कर यहां कराए जा रहे कार्यों की जानकारी ली।
तमनार में जनजीविका केंद्र का संचालन जिंदल फाउंडेशन जिंदल पावर लिमिटेड तमनार के सीएसआर एक्टिविटी के तहत किया जा रहा है। इस केंद्र का भ्रमण करने व यहां हो रही गतिविधियों को समझने के लिए ओपी जिंदल यूनिवर्सिटी रायगढ़ के बायो टेक विभाग के 38 छात्र-छात्राएं केंद्र पहुंचे थे। सुरेश डनसेना द्वारा केंद्र का भ्रमण कराया गया और केंद्र में होने वाले कृषि व अन्य गतिविधियों की विस्तृत जानकारी दी गई। उन्होंने मिलेट्स, रागी, कोदो, कुटकी आदि के बारे में बताया। साथ ही महिला समूहों द्वारा संचालित बेकरी यूनिट में बनाए जा रहे नमकीन, मिक्सचर, कुकीज व अन्य खाद्य पदार्थों की जानकारी भी विद्यार्थियों को दी गई। संतोष शर्मा द्वारा विद्यार्थियों को स्व सहायता समूह द्वारा संचालित मशरूम यूनिट का भ्रमण कराते हुए मशरूम उत्पादन व स्पॉन बनाने की प्रक्रिया की जानकारी दी गई। विद्यार्थियों को यहां उनके पाठ्यक्रम से हटकर नई जानकारी मिली। विद्यार्थियों ने यहां बनाए गए टेराकोटा का सामान और बेकरी आइटम भी खरीदा।
शुभांगी योजना से बन रहा सेनिटरी पैड, बिक रहा बाजार में
जिंदल पॉवर लिमिटेड तमनार के जिंदल फाउंडेशन द्वारा स्वच्छता को ध्यान में रखते हुए शुभांगी योजना चलाई जा रही है। इस योजना के तहत सेनिटरी पैड बनाने के लिए यूनिट लगाई गई है। जिसमें स्व सहायता समूह की महिलाओं द्वारा सेनिटरी पैड बनाया जा रहा है। समूह की महिलाओं द्वारा बनाए गए सैनिटरी पैड को तमनार में स्व सहायता समूह की महिलाओं द्वारा बेचा जा रहा है। साथ महिलाओं द्वारा टेराकोटा यूनिट में मिट्टी से बर्तन, आर्ट पीस आदि भी बनाए जा रहे हैं।
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